कारोबारी परिवार हत्याकांड – यूपी के प्रयागराज में कारोबारी परिवार हत्याकांड की गुत्थी पुलिस ने 24 घंटे के भीतर सुलझा ली है। कारोबारी वीरेंद्र वैश्य का बड़ा बेटा अभिषेक ही हत्या निकला।
उसने अपने दोस्त सनी गुप्ता के साथ मिलकर पिता, मां अंकिता और 45 वर्षीय बहन मीनाक्षी के सिर पर रॉड से वार कर हत्या कर दी…
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इसके बाद गहनों के बंटवारे को लेकर अभिषेक और सनी के बीच झगड़ा हो गया। बात इतनी बढ़ी कि सनी ने उसी रॉड से अभिषेक की भी हत्या कर दी। इसके बाद फरार हो गया।
घर की दीवारों पर लिखकर ‘बंटी बबली बहू ने मारा’ के जरिये वह पुलिस जांच को दूसरी दिशा में मोड़ना चाहते थे। पुलिस ने आरोपी सनी गुप्ता को गिरफ्तार कर लिया है।
साउथ मलाका के करोड़पति कारोबारी के घर में सनसनी
साउथ मलाका के करोड़पति कारोबारी के घर में 2 जून को एक साथ चार लाशें देखकर इलाके में सनसनी फैल गई थी।
परिवार की दुकानें:
| सदस्य | दुकान |
|---|---|
| वीरेंद्र वैश्य | मार्केट (सनी गुप्ता की समोसे की दुकान) |
| अभिषेक वैश्य | मार्केट में दुकान |
| अभिषेक की दुकान | गिफ्ट की दुकान (मीनाक्षी चलाती) |
रहने का मकान:
इसी मार्केट के ऊपर इन सभी का रहने का मकान है।
दोस्ती:
सनी और अभिषेक की अच्छी दोस्ती है।
31 मई की पार्टी
31 मई को अभिषेक ने सनी को कचौड़ी, बीयर और सिगरेट लाकर पार्टी करने को कहा।
पार्टी के दौरान:
अभिषेक ने सनी से कहा कि वह कई कर्जे में दबा है।
- उसके पिता वीरेंद्र उसको पैसे नहीं देते थे
- वर्ष 2022 में वीरेन्द्र वैश्य ने अभिषेक को संपत्ति से बेदखल भी कर दिया था
अविवाहित:
- 40 साल के अभिषेक
- 45 साल की बहन मीनाक्षी अविवाहित थे
बड़े भाई अश्विनी और गर्लफ्रेंड रीतू को फंसाने की साजिश
पुलिस के अनुसार, अभिषेक ने सनी के साथ मिलकर अपने ही घरवालों को मारने का खौफनाक प्लान बना लिया।
इरादा:
घर से गहने चोरी कर बेचना था।
हत्या का तरीका:
| समय | घटना |
|---|---|
| शाम 5 बजे | मीनाक्षी गिफ्ट की दुकान खोलने आयी |
| सीढ़ी का दरवाजा | अभिषेक ने खोलकर उस पर रॉड से हमला |
| घसीटते हुए ऊपर | दोनों उसे ऊपर ले गए और सीढ़ी पर छोड़ दिया |
| मीनाक्षी की मौत | वह वहीं मर गई |
| ऊपरी मंजिल | माता-पिता पर रॉड से हमला |
| पिता-मां की मौत | उनकी भी मौत हो गई |
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बंटी-बबली बहू नोट:
इसके बाद अभिषेक ने लाल पेन से एक दफ्ती पर लिख दिया:
“बंटी बबली बहू ने मारा”
वजह:
ताकि घटना का सारा इल्जाम अभिषेक के भाई अश्विनी और उसकी गर्लफ्रेंड रीतू पर लग जाए क्योंकि उन्हें बंटी-बबली के नाम से जाना जाता है।
गहने के बंटवारे को लेकर झगड़ा
सनी ने पुलिस को बताया:
“अभिषेक ने पानी की टंकी में वह पेन, सारी फाइल, कपड़े, लैपटॉप और मोबाइल फोन डाल दिया।”
गहने बंटवारे:
“फिर हम सारा जेवरात लेकर नीचे दुकान में आए। अभिषेक मुझे इस हत्या के बदले सोने की 5 चूड़ी और 1 हार दे रहा था।”
झगड़ा:
इसको लेकर मेरा उससे झगड़ा हो गया।
लालच:
लालच में आकर मैंने अभिषेक की भी उसी लोहे की रॉड से मार कर हत्या कर दी।
सबूत मिटाने:
“फिर मैने अभिषेक की दुकान से डिटर्जेंट पाउडर, हारपिक, ब्लीचिंग पाउडर, रसोई से हल्दी व सरसों का तेल सभी शवों के ऊपर बारी-बारी डाल दिया। पानी की टंकी में भी डिटर्जेंट डाल दिया ताकि सारे सबूत मिट जायें।”
फिर पानी गर्म कर सफाई कर दी।
1 किलो सोना और आधा किलो चांदी बरामद
इसके बाद सनी मकान और दुकान में ताला लगाकर वहां से चला गया।
पुलिस की कामयाबियां:
| बरामदगी | विवरण |
|---|---|
| जेवरात | करीब 1 किलो सोना + आधा किलो चांदी |
| हत्या का रॉड | लोहे का ठोस रॉड |
| अभिषेक की दुकान से | डिटर्जेंट, हारपिक, ब्लीचिंग पाउडर, हल्दी, सरसों का तेल |
सनी गुप्ता की निशानदेही पर दुकान से लूट के जेवरात बरामद किया गया।
मुकदमा:
वीरेंद्र वैश्य के भांजे मंजीत केसरवानी की तहरीर पर कोतवाली में मुकदमा पंजीकृत किया गया है।
कौशांबी जेल में बंद छोटा बेटा अश्विनी
कारोबारी के छोटे बेटे अश्विनी के बारे में बताया जा रहा है कि वह कई आपराधिक मामलों में आरोपी है।
- वह इस समय कौशांबी जेल में बंद है
- इस कारण वीरेंद्र वैश्य ने उसे अपने परिवार से दूर कर दिया था
गर्लफ्रेंड:
अश्वनी का एक महिला से संबंध है जोकि लिव इन में रहती थी।
- एक फ्राड के मामले में वह भी जेल जा चुकी है
- इसी महिला के बारे में ‘बबली बंटी नाम वाली बहू’ लिखा गया
मार्केट में 13 दुकान किराये पर
70 वर्षीय वीरेंद्र वैश्य ने हीवेट रोड स्थित अपने मकान के निचले हिस्से में मार्केट बनवाया है जिसमें 13 दुकानें किराये पर हैं।
| सदस्य | दुकान |
|---|---|
| बेटी मीनाक्षी | गिफ्ट सेंटर की दुकान |
| वीरेंद्र वैश्य | बेटी की दुकान पर भी बैठते थे |
| बेटा अभिषेक | फ्लोर क्लीनिंग के काम से जुड़ा |
रहने का मकान:
वीरेंद्र वैश्य परिवार के साथ ऊपरी मंजिल पर रहते थे।
दुर्गंध और पुलिस को सूचना:
मंगलवार की दोपहर मार्केट में और मकान के ऊपरी मंजिल से दुर्गंध उठने लगी तो आपपास के दुकानदारों ने सीढ़ी का दरवाजा खटखटाया लेकिन कोई रिस्पांस नहीं मिला तो पुलिस को सूचना दी।
लोहे का दरवाजा:
वीरेंद्र वैश्य के ऊपरी मंजिल पर जाने वाली सीढ़ी से पहले लोहे का दरवाजा लगा है।
- जिसमें बाहर से ताला बंद था
- पुलिस ताला तोड़कर अंदर दाखिल हुई
वीभत्स नजारा:
अंदर का नजारा बेहद वीभत्स था।
सैकड़ों लोग जमा:
धीरे-धीरे करके घटनास्थल पर सैकड़ों की संख्या में लोग जमा हो गए।
पुलिस ने इसकी सूचना आला अधिकारियों को दिया।
हत्याकांड का पूरा सिलसिला
| क्रम | घटना | विवरण |
|---|---|---|
| 1 | 31 मई | कचौड़ी, बीयर, सिगरेट पार्टी |
| 2 | कर्जे की बात | अभिषेक कर्जे में दबा, पिता पैसे नहीं देते |
| 3 | 2022 | वीरेंद्र ने अभिषेक को संपत्ति से बेदखल |
| 4 | शाम 5 बजे | मीनाक्षी पर रॉड से हमला, मर गई |
| 5 | माता-पिता | ऊपरी मंजिल पर रॉड से वार, मौत |
| 6 | बंटी-बबली नोट | लाल पेन से लिखा, अश्विनी-रीतू को फंसाना |
| 7 | गहने बंटवारे | 5 चूड़ी + 1 हार, झगड़ा |
| 8 | अभिषेक की हत्या | सनी ने रॉड से मार दी |
निष्कर्ष
यूपी प्रयागराज में 4 लाशें मिलीं: पिता वीरेंद्र, मां अंकिता, बहन मीनाक्षी और बड़ा बेटा अभिषेक।
अश्विनी: कौशांबी जेल में बंद, कई आपराधिक मामले
रीतू: फ्राड में जेल, लिव इन में रहती थी
24 घंटे में पुलिस ने गुत्थी सुलझा ली। “बंटी बबली बहू ने मारा” नोट से पुलिस जांच को दूसरी दिशा में मोड़ना चाहते थे।
मुख्य तथ्य
| पहलू | विवरण |
|---|---|
| कातिल | बड़ा बेटा अभिषेक |
| साथी | दोस्त सनी गुप्ता |
| हत्या का तरीका | रॉड से सिर पर वार |
| इरादा | गहने चोरी कर बेचना |
| झगड़ा | गहने बंटवारे पर (5 चूड़ी + 1 हार) |
| अभिषेक की हत्या | सनी ने रॉड से मारी |
| बंटी-बबली नोट | अश्विनी-रीतू को फंसाना |
| सबूत मिटाने | डिटर्जेंट, हारपिक, ब्लीचिंग, हल्दी, सरसों तेल |
| बरामदगी | 1 किलो सोना + आधा किलो चांदी |
| गिरफ्तारी | सनी गुप्ता गिरफ्तार |
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