The Unfulfilled Promise of Karwa Chauth – उत्तर प्रदेश के कानपुर से एक दुखद घटना सामने आई है। यहां काकादेव इलाके में 26 वर्षीय युवक तरुण कश्यप उर्फ अंशु की मौत हो गई। घटना से कुछ घंटे पहले ही उन्होंने अपनी पत्नी से करवा चौथ पर अच्छा-सा उपहार देने का वादा किया था। उनकी पत्नी उर्मिला कश्यप त्योहार की पूजा का सामान खरीदने बाजार गई थीं। जब वह देर रात घर लौटीं तो उन्हें पति की मौत की जानकारी मिली….

दैनिक जागरण की 29 अक्टूबर 2026 की रिपोर्ट के मुताबिक, इस मामले में मृतक के परिजनों ने पड़ोस में रहने वाली एक महिला और कुछ अन्य लोगों पर धमकी देने तथा पुराने छेड़छाड़ के मुकदमे में दोबारा फंसाने की धमकी देने के आरोप लगाए हैं। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया है और मामले की जांच की जा रही है।

कानपुर के काकादेव में क्या हुआ?

यह घटना कानपुर के काकादेव थाना क्षेत्र के लोहारन भट्ठा इलाके की बताई गई है। मृतक की पहचान 26 वर्षीय तरुण कश्यप उर्फ अंशु के रूप में हुई है। वह मजदूरी करके परिवार का पालन-पोषण करते थे।

परिवार में उनकी पत्नी उर्मिला कश्यप और दो बेटे हैं। तरुण के बड़े भाई का नाम नितिन बताया गया है।

परिजनों के मुताबिक, घटना वाले दिन घर में प्लास्टर का काम चल रहा था। इसी दौरान उनकी पत्नी उर्मिला करवा चौथ की पूजा का सामान खरीदने बाजार चली गई थीं।

देर रात जब वह घर वापस लौटीं तो उन्हें पति की मौत की जानकारी मिली। इस घटना के बाद परिवार में मातम छा गया।

Also Read –  प्रयागराज में जमीन खोदते ही निकले नोटों से भरे ड्रम, करोड़ों की नकदी बरामद; ₹60 करोड़ के दावे की पुष्टि बाकी

The Unfulfilled Promise of Karwa Chauth
The Unfulfilled Promise of Karwa Chauth

पत्नी से किया था करवा चौथ पर गिफ्ट देने का वादा

इस घटना का सबसे भावुक पहलू पति-पत्नी के बीच हुई आखिरी बातचीत से जुड़ा है।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, तरुण ने अपनी पत्नी से करवा चौथ पर अच्छा-सा उपहार देने का वादा किया था। पत्नी त्योहार की तैयारियों में जुटी थीं और उन्हें इस बात का अंदाजा नहीं था कि घर लौटने पर इतनी दुखद खबर मिलेगी।

दैनिक जागरण की रिपोर्ट में पत्नी उर्मिला के हवाले से बताया गया कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि जिस त्योहार पर पति से उपहार मिलने की उम्मीद थी, उसी समय उन्हें उनसे हमेशा के लिए बिछड़ना पड़ेगा।

परिजनों ने पड़ोसियों पर लगाए गंभीर आरोप

मृतक के बड़े भाई नितिन ने आरोप लगाया कि पत्नी के बाजार जाने के दौरान इलाके में रहने वाली एक महिला अपनी बहन और कुछ अन्य लोगों के साथ मौके पर पहुंची थी।

परिजनों का दावा है कि उन लोगों ने तरुण के साथ गाली-गलौज की और उन्हें दोबारा छेड़छाड़ के मुकदमे में फंसाने की धमकी दी।

नितिन के अनुसार, इससे पहले भी संबंधित महिला की बेटी के माध्यम से तरुण के खिलाफ छेड़छाड़ का मामला दर्ज कराया गया था। परिजनों का कहना है कि इस पुराने मामले में तरुण को जेल भी जाना पड़ा था।

परिवार का आरोप है कि पुराने विवाद के बाद से ही उन्हें लगातार परेशान किया जा रहा था।

हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। इन्हें परिजनों के दावों के रूप में ही देखा जाना चाहिए। किसी भी व्यक्ति की जिम्मेदारी या दोष का निर्धारण पुलिस जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही किया जा सकता है।

पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर क्या कार्रवाई की?

घटना की जानकारी मिलने के बाद पड़ोसियों ने पुलिस के आपातकालीन नंबर 112 पर सूचना दी।

इसके बाद काकादेव थाना पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और जरूरी साक्ष्य जुटाए।

दैनिक जागरण की रिपोर्ट के मुताबिक, काकादेव थाना प्रभारी धर्मेंद्र कुमार राम ने बताया कि उस समय परिवार की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं मिली थी। घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट भी बरामद नहीं हुआ था।

पुलिस ने कहा था कि परिजनों की ओर से शिकायत मिलने पर मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

क्या पुराने मुकदमे का इस घटना से संबंध था?

इस मामले में मृतक के परिजनों ने पुराने छेड़छाड़ के मुकदमे और कथित धमकियों का जिक्र किया है।

परिवार का आरोप है कि पुराने विवाद के बाद तरुण मानसिक तनाव में रहने लगे थे और उन्हें दोबारा मुकदमे में फंसाने की धमकी दी जा रही थी।

लेकिन यह अभी स्पष्ट नहीं है कि कथित विवाद और युवक की मौत के बीच क्या संबंध था। इसके लिए पुलिस को संबंधित लोगों के बयान, पुराने मुकदमे के दस्तावेज और अन्य परिस्थितियों की जांच करनी होगी।

इसलिए किसी आरोप को जांच पूरी होने से पहले अंतिम सच के रूप में प्रस्तुत करना उचित नहीं होगा।

निष्कर्ष

कानपुर के काकादेव इलाके में तरुण कश्यप की मौत से उनका परिवार गहरे सदमे में है। करवा चौथ जैसे त्योहार की तैयारियों के बीच हुई इस घटना ने परिवार की खुशियों को दुख में बदल दिया।

मृतक के परिजनों ने पड़ोसियों पर धमकी देने और पुराने मुकदमे में दोबारा फंसाने के आरोप लगाए हैं। वहीं पुलिस ने घटनास्थल की जांच कर साक्ष्य जुटाए हैं।

अब इस मामले में पुलिस की विस्तृत जांच महत्वपूर्ण है, ताकि घटना की परिस्थितियों और परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों की सच्चाई सामने आ सके।

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *